जीन रिश्तो में गलतियों की अहमियत रिश्तो से बढ़कर हो जाती है उन रिश्तो की दूर नाजुक हो ही जाती है ।

अलफ़ाज़ जो दिल से निकले और दिलों में समां गए।

रिश्ते हमारे जीवन के बहोत महत्वपूर्ण अंग होते है और जहा रिश्ते होते है अक्सर गलतियां गलत फ़हमिअा भी वहा होते रहती ही ही।
वक्त रहते गलतियों को सुधार कर रिश्तो की अहमियत करना जरुरी है।।
इस दुनिया में लोग कई मिलेंगे मगर जो दिल के करीब है उसे संभाल के रखो अगर वो दूर होगया तोह जीवन में लोग कई मिलेंगे मगर हर कोई उस सख्स जैसा दिल के करीब न आए पायेगा।।।
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कहने को दिल के अलफ़ाज़ लिखता हु।
जनाब , लेखक हु तुम्हे तुमसे ज्यादा करीब से जानता हु।।

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